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सुनन नसाई

नंबर 1275

नंबर 1275किताब 13, नंबर 97
أَخْبَرَنَا يَعْقُوبُ بْنُ إِبْرَاهِيمَ، قَالَ حَدَّثَنَا يَحْيَى، عَنِ ابْنِ عَجْلاَنَ، عَنْ عَامِرِ بْنِ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ الزُّبَيْرِ، عَنْ أَبِيهِ، أَنَّ رَسُولَ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم كَانَ إِذَا قَعَدَ فِي التَّشَهُّدِ وَضَعَ كَفَّهُ الْيُسْرَى عَلَى فَخِذِهِ الْيُسْرَى وَأَشَارَ بِالسَّبَّابَةِ لاَ يُجَاوِزُ بَصَرُهُ إِشَارَتَهُ ‏.‏
It was narrated from 'Amir bin Abdullah bin Az-Zubair, from his father, that:When the Messenger of Allah (ﷺ) sat to say the tashahhud, he placed his left hand on his left thigh and pointed with his forefinger, and his gaze did not go beyond he finger with which he was pointing
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • Hasan SahihAbu Ghuddah
  • Hasan SahihAl-Albani
  • Sahih MuslimZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 13 · The Book of Forgetfulness (In Prayer)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।