सीधे कंटेंट पर जाएँ
सूरह 3 · आयत 99

Aal-i-Imraan 3:99

آل عمران

قُلْ يَـٰٓأَهْلَ ٱلْكِتَـٰبِ لِمَ تَصُدُّونَ عَن سَبِيلِ ٱللَّهِ مَنْ ءَامَنَ تَبْغُونَهَا عِوَجًا وَأَنتُمْ شُهَدَآءُ ۗ وَمَا ٱللَّهُ بِغَـٰفِلٍ عَمَّا تَعْمَلُونَ

मतलब

(ऐ नबी) आप कह दीजिए : ऐ किताब वालो! तुम ईमान लाने वालों को अल्लाह के रास्ते से क्यों रोकते होॽ तुम्हें उसमें कुटिलता की तलाश रहती है। जबकि तुम (उसके सच्चे होने के) गवाह[52] होॽ और अल्लाह तुम्हारे कर्मों से अनभिज्ञ नहीं है।

[52] अर्थात इस्लाम के सत्धर्म होने को जानते हो।

मतलब: Hindi Translation - Azizul Haq Al-Omari. Translated by Azizul Haq Al-Omari वर्शन 1.1.5, 2025-08-05। QuranEnc.com

तफ़सीर

(ऐ नबी!) आप कह दीजिए : ऐ किताब वाले यहूदियो और ईसाइयो! तुम उन लोगों को अल्लाह के धर्म से क्यों रोकते हो जो उसपर ईमान लाए हैंॽ! तुम चाहते हो कि अल्लाह का धर्म सत्य से असत्य की ओर और ईमान वाले मार्गदर्शन से पथभ्रष्टता की ओर मुड़ जाएँ। हालाँकि तुम इस बात के साक्षी हो कि यही धर्म ही सत्य है, उस चीज़ की पुष्टि करने वाला है जो तुम्हारी पुस्तकों में हैॽ! और अल्लाह उससे अनभिज्ञ नहीं है जो तुम उसके साथ कुफ़्र करते हो और उसके मार्ग से लोगों को रोकते हो, और वह तुम्हें इसका बदला देगा।

यह संस्करण हर आयत की तशरीह करता है; यह उसका तर्जुमा नहीं है। मतलब: Hindi Translation of Al-Mukhtasar in Interpreting the Noble Quran. Issued by Tafsir Center for Quranic Studies वर्शन 1.0.0, 2024-02-20। QuranEnc.com

Aal-i-Imraan

अरबी Tanzil का टेक्स्ट है, बिना किसी बदलाव के। मतलब अपने पब्लिशरों के एडिशन हैं, बिना किसी बदलाव के; सबील के अपने जाँच करने वालों ने अभी तक इन्हें नहीं जाँचा है। अरबी: Tanzil उस्मानी टेक्स्ट, वर्शन 1.1। स्रोत: tanzil.net