सीधे कंटेंट पर जाएँ
सुनन नसाई

नंबर 765

नंबर 765किताब 9, नंबर 24
أَخْبَرَنَا قُتَيْبَةُ، قَالَ حَدَّثَنَا الْعَطَّافُ، عَنْ مُوسَى بْنِ إِبْرَاهِيمَ، عَنْ سَلَمَةَ بْنِ الأَكْوَعِ، قَالَ قُلْتُ يَا رَسُولَ اللَّهِ إِنِّي لأَكُونُ فِي الصَّيْدِ وَلَيْسَ عَلَىَّ إِلاَّ الْقَمِيصُ أَفَأُصَلِّي فِيهِ قَالَ ‏ "‏ وَزُرَّهُ عَلَيْكَ وَلَوْ بِشَوْكَةٍ ‏"‏ ‏.‏
It was narrated that Salamah bin Al-Akwa said:" I said: 'O Messenger of Allah(ﷺ), I go hunting wearing nothing but a single shirt. Can I pray in it?' He said: 'Fasten it to yourself even with a thorn
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • HasanAbu Ghuddah
  • HasanAl-Albani
  • Isnaad HasanZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 9 · The Book of the Qiblah

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।