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सुनन नसाई

नंबर 5181

नंबर 5181किताब 48, नंबर 142
أَخْبَرَنَا قُتَيْبَةُ، قَالَ حَدَّثَنَا اللَّيْثُ، عَنْ نَافِعٍ، عَنْ إِبْرَاهِيمَ بْنِ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ حُنَيْنٍ، عَنْ بَعْضِ، مَوَالِي الْعَبَّاسِ عَنْ عَلِيٍّ، أَنَّ رَسُولَ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم نَهَى عَنِ الْمُعَصْفَرِ وَالثِّيَابِ الْقَسِّيَّةِ وَعَنْ أَنْ يَقْرَأَ وَهُوَ رَاكِعٌ ‏.‏
It was narrated from 'Ali that :The Messenger of Allah [SAW] forbade (wearing) garments dyed with safflower, and Al-Qassiyah garments, and reciting Qur'an while he is bowing
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAbu Ghuddah
  • SahihAl-Albani
  • HasanZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 48 · The Book of Adornment

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।