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सुनन नसाई

नंबर 5053

नंबर 5053किताब 48, नंबर 14
أَخْبَرَنَا مُحَمَّدُ بْنُ الْمُثَنَّى، قَالَ حَدَّثَنَا وَهْبُ بْنُ جَرِيرٍ، قَالَ حَدَّثَنَا أَبِي قَالَ، سَمِعْتُ قَتَادَةَ، يُحَدِّثُ عَنْ أَنَسٍ، قَالَ كَانَ شَعْرُ النَّبِيِّ صلى الله عليه وسلم شَعْرًا رَجِلاً لَيْسَ بِالْجَعْدِ وَلاَ بِالسَّبْطِ بَيْنَ أُذُنَيْهِ وَعَاتِقِهِ ‏.‏
It was narrated that Anas said:"The hair of the Prophet [SAW] was wavy, neither curly nor straight, and (hung down) between his ears and his shoulders
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAbu Ghuddah
  • SahihAl-Albani
  • Sahih - Agreed UponZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 48 · The Book of Adornment

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।