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सुनन नसाई

नंबर 3372

नंबर 3372किताब 26, नंबर 177
أَخْبَرَنَا قُتَيْبَةُ، قَالَ حَدَّثَنَا حَمَّادُ بْنُ زَيْدٍ، عَنْ ثَابِتٍ، عَنْ أَنَسٍ، أَنَّ رَسُولَ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم رَأَى عَلَى عَبْدِ الرَّحْمَنِ أَثَرَ صُفْرَةٍ فَقَالَ ‏"‏ مَا هَذَا ‏"‏ ‏.‏ قَالَ تَزَوَّجْتُ امْرَأَةً عَلَى وَزْنِ نَوَاةٍ مِنْ ذَهَبٍ ‏.‏ فَقَالَ ‏"‏ بَارَكَ اللَّهُ لَكَ أَوْلِمْ وَلَوْ بِشَاةٍ ‏"‏ ‏.‏
It was narrated that Anas said:"The Messenger of Allah saw traces of yellow perfume on 'Abdur-Rahman and said: 'What is this?' He said: 'I married a woman for a Nawah (five Dirhams) of gold.' He said: 'May Allah bless you. Give a Walimah (wedding feast) even if it is with one sheep
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAbu Ghuddah
  • SahihAl-Albani
  • Sahih - Agreed UponZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 26 · The Book of Marriage

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।