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सुनन नसाई

नंबर 2877

नंबर 2877किताब 24, नंबर 260
أَخْبَرَنَا عِمْرَانُ بْنُ بَكَّارٍ، قَالَ حَدَّثَنَا بِشْرٌ، أَخْبَرَنِي أَبِي، عَنِ الزُّهْرِيِّ، أَخْبَرَنِي سُحَيْمٌ، أَنَّهُ سَمِعَ أَبَا هُرَيْرَةَ، يَقُولُ قَالَ رَسُولُ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم ‏ "‏ يَغْزُو هَذَا الْبَيْتَ جَيْشٌ فَيُخْسَفُ بِهِمْ بِالْبَيْدَاءِ ‏"‏ ‏.‏
Abu Hurairah said:"The Messenger of Allah said: This Hosue will be attacked by an army, and they will be swallowed up by the earth in Al-Baida
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • Hasan SahihAbu Ghuddah
  • Hasan SahihAl-Albani
  • Isnaad HasanZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 24 · The Book of Hajj

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।