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सुनन नसाई

नंबर 2244

नंबर 2244किताब 22, नंबर 155
أَخْبَرَنَا يُونُسُ بْنُ عَبْدِ الأَعْلَى، قَالَ أَخْبَرَنِي أَنَسٌ، عَنْ سُهَيْلِ بْنِ أَبِي صَالِحٍ، عَنْ أَبِيهِ، عَنْ أَبِي هُرَيْرَةَ، عَنْ رَسُولِ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم قَالَ ‏ "‏ مَنْ صَامَ يَوْمًا فِي سَبِيلِ اللَّهِ عَزَّ وَجَلَّ زَحْزَحَ اللَّهُ وَجْهَهُ عَنِ النَّارِ بِذَلِكَ الْيَوْمِ سَبْعِينَ خَرِيفًا ‏"‏ ‏.‏
It was narrated from Abu Hurairah that the Messenger of Allah said:"Whoever fasts one day in the cause of Allah, the Mighty and sublime, Allah will remove his face away from the fire in return for the day (the distance of) seventy autumns
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAbu Ghuddah
  • SahihAl-Albani
  • Isnaad SahihZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 22 · The Book of Fasting

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।