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सुनन नसाई

नंबर 1091

नंबर 1091किताब 12, नंबर 63
أَخْبَرَنَا هَارُونُ بْنُ مُحَمَّدِ بْنِ بَكَّارِ بْنِ بِلاَلٍ، مِنْ كِتَابِهِ قَالَ حَدَّثَنَا مَرْوَانُ بْنُ مُحَمَّدٍ، قَالَ حَدَّثَنَا عَبْدُ الْعَزِيزِ بْنُ مُحَمَّدٍ، قَالَ حَدَّثَنَا مُحَمَّدُ بْنُ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ الْحَسَنِ، عَنْ أَبِي الزِّنَادِ، عَنِ الأَعْرَجِ، عَنْ أَبِي هُرَيْرَةَ، قَالَ قَالَ رَسُولُ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم ‏ "‏ إِذَا سَجَدَ أَحَدُكُمْ فَلْيَضَعْ يَدَيْهِ قَبْلَ رُكْبَتَيْهِ وَلاَ يَبْرُكْ بُرُوكَ الْبَعِيرِ ‏"‏ ‏.‏
It was narrated that Abu Hurairah said:"The Messenger of Allah (ﷺ) said: 'When one of you prostrates, let him put his hands down before his knees, and not kneel like a camel
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAbu Ghuddah
  • SahihAl-Albani
  • Isnaad HasanZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 12 · The Book of The At-Tatbiq (Clasping One's Hands Together)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।