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सुनन इब्न माजा

नंबर 3174

नंबर 3174किताब 27, नंबर 13
حَدَّثَنَا أَبُو بَكْرِ بْنُ أَبِي شَيْبَةَ، حَدَّثَنَا عَبْدُ الرَّحِيمِ بْنُ سُلَيْمَانَ، عَنْ هِشَامِ بْنِ عُرْوَةَ، عَنْ أَبِيهِ، عَنْ عَائِشَةَ أُمِّ الْمُؤْمِنِينَ، أَنَّ قَوْمًا، قَالُوا يَا رَسُولَ اللَّهِ إِنَّ قَوْمًا يَأْتُونَا بِلَحْمٍ لاَ نَدْرِي ذُكِرَ اسْمُ اللَّهِ عَلَيْهِ أَمْ لاَ قَالَ ‏ "‏ سَمُّوا أَنْتُمْ وَكُلُوا ‏"‏ ‏.‏ وَكَانُوا حَدِيثَ عَهْدٍ بِالْكُفْرِ ‏.‏
It was narrated from ‘Aishah, the Mother of the Believers, that some people said:“O Messenger of Allah, some people bring us meat, and we do not know whether the Name of Allah has been mentioned over it or not.” He said: “Say: Bismillah and eat.’ They were new in Islam
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAl-Albani
  • SahihMuhammad Fouad Abd al-Baqi
  • Isnaad SahihZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 27 · Chapters on Slaughtering

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।