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सुनन इब्न माजा

नंबर 2830

नंबर 2830किताब 24, नंबर 78
حَدَّثَنَا أَبُو بَكْرِ بْنُ أَبِي شَيْبَةَ، وَعَلِيُّ بْنُ مُحَمَّدٍ، قَالاَ حَدَّثَنَا وَكِيعٌ، عَنْ سُفْيَانَ، عَنْ سِمَاكِ بْنِ حَرْبٍ، عَنْ قَبِيصَةَ بْنِ هُلْبٍ، عَنْ أَبِيهِ، قَالَ سَأَلْتُ رَسُولَ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم عَنْ طَعَامِ النَّصَارَى فَقَالَ ‏ "‏ لاَ يَخْتَلِجَنَّ فِي صَدْرِكَ طَعَامٌ ضَارَعْتَ فِيهِ نَصْرَانِيَّةً ‏"‏ ‏.‏
It was narrated from Qabisah bin Hulb that his father said:“I asked the Messenger of Allah (ﷺ) about the food of the Christians and he said: ‘Do not have any doubt about food, (thereby) following the way of the Christians in that.’”
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • HasanAl-Albani
  • HasanMuhammad Fouad Abd al-Baqi
  • HasanZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 24 · The Chapters on Jihad

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।