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सुनन इब्न माजा

नंबर 2654

नंबर 2654किताब 21, नंबर 40
حَدَّثَنَا رَجَاءُ بْنُ الْمُرَجَّى السَّمَرْقَنْدِيُّ، حَدَّثَنَا النَّضْرُ بْنُ شُمَيْلٍ، حَدَّثَنَا سَعِيدُ بْنُ أَبِي عَرُوبَةَ، عَنْ غَالِبٍ التَّمَّارِ، عَنْ حُمَيْدِ بْنِ هِلاَلٍ، عَنْ مَسْرُوقِ بْنِ أَوْسٍ، عَنْ أَبِي مُوسَى الأَشْعَرِيِّ، عَنِ النَّبِيِّ صلى الله عليه وسلم قَالَ ‏ "‏ الأَصَابِعُ سَوَاءٌ ‏"‏ ‏.‏
It was narrated from Abu Musa Al-Ash'ari that the Messenger of Allah (ﷺ) said:“The fingers are the same.”
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAl-Albani
  • SahihMuhammad Fouad Abd al-Baqi
  • Sahih LighairihiShuaib Al Arnaut
  • Isnaad SahihZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 21 · The Chapters on Blood Money

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।