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सुनन अबू दाऊद

नंबर 933

नंबर 933किताब 2, नंबर 544
حَدَّثَنَا مَخْلَدُ بْنُ خَالِدٍ الشَّعِيرِيُّ، حَدَّثَنَا ابْنُ نُمَيْرٍ، حَدَّثَنَا عَلِيُّ بْنُ صَالِحٍ، عَنْ سَلَمَةَ بْنِ كُهَيْلٍ، عَنْ حُجْرِ بْنِ عَنْبَسٍ، عَنْ وَائِلِ بْنِ حُجْرٍ، أَنَّهُ صَلَّى خَلْفَ رَسُولِ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم فَجَهَرَ بِآمِينَ وَسَلَّمَ عَنْ يَمِينِهِ وَعَنْ شِمَالِهِ حَتَّى رَأَيْتُ بَيَاضَ خَدِّهِ ‏.‏
Wail b, hujr said that he prayed behind the Messenger of Allah (ﷺ),and he said Amin loudly and saluted at his right and left sides until I saw the whiteness of his cheek
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • Hasan SahihAl-Albani
  • Hasan SahihMuhammad Muhyi Al-Din Abdul Hamid
  • HasanShuaib Al Arnaut
  • SahihZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 2 · Prayer (Kitab Al-Salat)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।