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सुनन अबू दाऊद

नंबर 1151

नंबर 1151किताब 2, नंबर 762
حَدَّثَنَا مُسَدَّدٌ، حَدَّثَنَا الْمُعْتَمِرُ، قَالَ سَمِعْتُ عَبْدَ اللَّهِ بْنَ عَبْدِ الرَّحْمَنِ الطَّائِفِيَّ، يُحَدِّثُ عَنْ عَمْرِو بْنِ شُعَيْبٍ، عَنْ أَبِيهِ، عَنْ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ عَمْرِو بْنِ الْعَاصِ، قَالَ قَالَ نَبِيُّ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم ‏ "‏ التَّكْبِيرُ فِي الْفِطْرِ سَبْعٌ فِي الأُولَى وَخَمْسٌ فِي الآخِرَةِ وَالْقِرَاءَةُ بَعْدَهُمَا كِلْتَيْهِمَا ‏"‏ ‏.‏
Abd b. 'Amr b. al-'As said:The Prophet of Allah (ﷺ) said: There are seven takers in the first rak'ah and five in the second rak'ah of the prayer offered on the day of the breaking of the fast
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • HasanAl-Albani
  • HasanMuhammad Muhyi Al-Din Abdul Hamid
  • Hasan LighairihiShuaib Al Arnaut
  • Isnaad HasanZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 2 · Prayer (Kitab Al-Salat)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।