Al-Kahf 18:29
الكهفوَقُلِ ٱلْحَقُّ مِن رَّبِّكُمْ ۖ فَمَن شَآءَ فَلْيُؤْمِن وَمَن شَآءَ فَلْيَكْفُرْ ۚ إِنَّآ أَعْتَدْنَا لِلظَّـٰلِمِينَ نَارًا أَحَاطَ بِهِمْ سُرَادِقُهَا ۚ وَإِن يَسْتَغِيثُوا۟ يُغَاثُوا۟ بِمَآءٍ كَٱلْمُهْلِ يَشْوِى ٱلْوُجُوهَ ۚ بِئْسَ ٱلشَّرَابُ وَسَآءَتْ مُرْتَفَقًا
आप कह दें : यह सत्य तुम्हारे पालनहार की ओर से है। अब जो चाहे, ईमान लाए और जो चाहे कुफ़्र करे। निःसंदेह हमने अत्याचारियों के लिए ऐसी आग तैयार कर रखी है, जिसकी दीवारें[14] उन्हें घेर लेंगी। और यदि वे फ़र्याद करेंगे, तो उन्हें ऐसा जल दिया जाएगा, जो तेल की तलछट जैसा होगा, जो चेहरों को भून डालेगा। वह क्या ही बुरा पेय है और वह क्या ही बुरा विश्राम स्थान है!
[14] क़ुरआन में "सुरादिक़" शब्द प्रयुक्त हुआ है। जिसका अर्थ प्राचीर, अर्थात वह दीवार है जो नरक के चारों ओर बनाई गई है।
मतलब: Hindi Translation - Azizul Haq Al-Omari. Translated by Azizul Haq Al-Omari वर्शन 1.1.5, 2025-08-05। QuranEnc.com
और (ऐ रसूल!) आप इन लोगों से, जो अपने हृदय की लापरवाही के कारण अल्लाह की याद से गाफ़िल हैं, कह दीजिए : मैं तुम्हारे पास जो कुछ लेकर आया हूँ, वह सत्य है। और वह अल्लाह की ओर से है, मेरी ओर से नहीं। और मैं तुम्हारी यह माँग स्वीकार करने वाला नहीं कि मैं ईमान वालों को निष्कासित कर दूँ। अब तुम में से जो इस सच्चाई पर ईमान लाना चाहे, वह उसपर ईमान ले आए और वह उसके प्रतिफल से प्रसन्न होगा। और तुम में से जो उसपर विश्वास न करना चाहे, वह विश्वास न करे और शीघ्र ही वह उस दंड से दुखी होगा जो उसकी प्रतीक्षा कर रहा है। हमने कुफ़्र अपनाकर स्वयं पर अत्याचार करने वाले लोगों के लिए भयानक आग तैयार कर रखी है, जिसकी दीवारें उन्हें घेरी हुई होंगी। इसलिए वे उससे भाग नहीं सकेंगे। अगर वे अपनी प्यास की तीव्रता के कारण पानी की फ़र्याद करेंगे, तो उन्हें तलछट जैसा बहुत गर्म पानी दिया जाएगा, जिसकी गर्मी की तीव्रता के कारण उनके चेहरे भुन जाएँगे। क्या बुरा है वह पेय जो उन्हें दिया जाएगा। क्योंकि वह प्यास नहीं बुझाएगा, बल्कि उसे और बढ़ा देगा। तथा वह उस लपट को भी नहीं बुझाएगा जो उनकी खाल उधेड़ रही होगी। जहन्नम क्या ही बुरा घर है जहाँ वे उतरेंगे और क्या ही बुरा ठिकाना है जिसमें वे ठहरेंगे।
यह संस्करण हर आयत की तशरीह करता है; यह उसका तर्जुमा नहीं है। मतलब: Hindi Translation of Al-Mukhtasar in Interpreting the Noble Quran. Issued by Tafsir Center for Quranic Studies वर्शन 1.0.0, 2024-02-20। QuranEnc.com
अरबी Tanzil का टेक्स्ट है, बिना किसी बदलाव के। मतलब अपने पब्लिशरों के एडिशन हैं, बिना किसी बदलाव के; सबील के अपने जाँच करने वालों ने अभी तक इन्हें नहीं जाँचा है। अरबी: Tanzil उस्मानी टेक्स्ट, वर्शन 1.1। स्रोत: tanzil.net