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जामे तिर्मिज़ी

नंबर 493

नंबर 493किताब 4, नंबर 6
وَرُوِيَ عَنِ الزُّهْرِيِّ، عَنْ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ عُمَرَ، عَنْ أَبِيهِ، عَنِ النَّبِيِّ صلى الله عليه وسلم هَذَا الْحَدِيثُ أَيْضًا ‏.‏ حَدَّثَنَا بِذَلِكَ قُتَيْبَةُ حَدَّثَنَا اللَّيْثُ بْنُ سَعْدٍ عَنِ ابْنِ شِهَابٍ عَنْ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ عُمَرَ عَنْ أَبِيهِ أَنَّ النَّبِيَّ صلى الله عليه وسلم مِثْلَهُ ‏.‏ وَقَالَ مُحَمَّدٌ وَحَدِيثُ الزُّهْرِيِّ عَنْ سَالِمٍ عَنْ أَبِيهِ وَحَدِيثُ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ عَبْدِ اللَّهِ عَنْ أَبِيهِ كِلاَ الْحَدِيثَيْنِ صَحِيحٌ ‏.‏ وَقَالَ بَعْضُ أَصْحَابِ الزُّهْرِيِّ عَنِ الزُّهْرِيِّ قَالَ حَدَّثَنِي آلُ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ عُمَرَ عَنْ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ عُمَرَ ‏.‏
Salim narrated:(Another chain) from Abdullah bin Umar from the Prophet which is similar
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihBashar Awad Maarouf
  • Sahih MuslimZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 4 · The Book on the Day of Friday

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।