सीधे कंटेंट पर जाएँ
जामे तिर्मिज़ी

नंबर 1882

नंबर 1882किताब 26, नंबर 22
حَدَّثَنَا أَحْمَدُ بْنُ مَنِيعٍ، حَدَّثَنَا هُشَيْمٌ، حَدَّثَنَا عَاصِمٌ الأَحْوَلُ، وَمُغِيرَةُ، عَنِ الشَّعْبِيِّ، عَنِ ابْنِ عَبَّاسٍ، أَنَّ النَّبِيَّ صلى الله عليه وسلم شَرِبَ مِنْ زَمْزَمَ وَهُوَ قَائِمٌ ‏.‏ قَالَ وَفِي الْبَابِ عَنْ عَلِيٍّ وَسَعْدٍ وَعَبْدِ اللَّهِ بْنِ عَمْرٍو وَعَائِشَةَ ‏.‏ قَالَ أَبُو عِيسَى هَذَا حَدِيثٌ حَسَنٌ صَحِيحٌ ‏.‏
Narrated Ibn 'Abbas: "The Prophet (ﷺ) drank from Zamzam while he was standing." He said: There are narrations on this topic from 'Ali, Sa'd, 'Abdullah bin 'Amr and 'Aishah. [Abu 'Eisa said:] This Hadith is Hasan Sahih
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAhmad Muhammad Shakir
  • SahihAl-Albani
  • Hasan SahihBashar Awad Maarouf
  • Sahih - Agreed UponZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 26 · The Book on Drinks

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।