सीधे कंटेंट पर जाएँ
जामे तिर्मिज़ी

नंबर 331

नंबर 331किताब 2, नंबर 183
حَدَّثَنَا قُتَيْبَةُ، حَدَّثَنَا أَبُو الأَحْوَصِ، عَنْ سِمَاكِ بْنِ حَرْبٍ، عَنْ عِكْرِمَةَ، عَنِ ابْنِ عَبَّاسٍ، قَالَ كَانَ رَسُولُ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم يُصَلِّي عَلَى الْخُمْرَةِ ‏.‏ قَالَ وَفِي الْبَابِ عَنْ أُمِّ حَبِيبَةَ وَابْنِ عُمَرَ وَأُمِّ سُلَيْمٍ وَعَائِشَةَ وَمَيْمُونَةَ وَأُمِّ كُلْثُومٍ بِنْتِ أَبِي سَلَمَةَ بْنِ عَبْدِ الأَسَدِ وَلَمْ تَسْمَعْ مِنَ النَّبِيِّ صلى الله عليه وسلم وَأُمِّ سَلَمَةَ ‏.‏ قَالَ أَبُو عِيسَى حَدِيثُ ابْنِ عَبَّاسٍ حَدِيثٌ حَسَنٌ صَحِيحٌ ‏.‏ وَبِهِ يَقُولُ بَعْضُ أَهْلِ الْعِلْمِ ‏.‏ وَقَالَ أَحْمَدُ وَإِسْحَاقُ قَدْ ثَبَتَ عَنِ النَّبِيِّ صلى الله عليه وسلم الصَّلاَةُ عَلَى الْخُمْرَةِ ‏.‏ قَالَ أَبُو عِيسَى وَالْخُمْرَةُ هُوَ حَصِيرٌ قَصِيرٌ ‏.‏
Ibn Abbas narrated:"Allah's Messenger performed Salat on a Khumrah
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • Hasan SahihAhmad Muhammad Shakir
  • Hasan SahihAl-Albani
  • Hasan SahihBashar Awad Maarouf
  • SahihZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 2 · The Book on Salat (Prayer)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।