सीधे कंटेंट पर जाएँ
जामे तिर्मिज़ी

नंबर 1045

नंबर 1045किताब 10, नंबर 81
حَدَّثَنَا أَبُو كُرَيْبٍ، وَنَصْرُ بْنُ عَبْدِ الرَّحْمَنِ الْكُوفِيُّ، وَيُوسُفُ بْنُ مُوسَى الْقَطَّانُ الْبَغْدَادِيُّ، قَالُوا حَدَّثَنَا حَكَّامُ بْنُ سَلْمٍ، عَنْ عَلِيِّ بْنِ عَبْدِ الأَعْلَى، عَنْ أَبِيهِ، عَنْ سَعِيدِ بْنِ جُبَيْرٍ، عَنِ ابْنِ عَبَّاسٍ، قَالَ قَالَ النَّبِيُّ صلى الله عليه وسلم ‏ "‏ اللَّحْدُ لَنَا وَالشَّقُّ لِغَيْرِنَا ‏"‏ ‏.‏ وَفِي الْبَابِ عَنْ جَرِيرِ بْنِ عَبْدِ اللَّهِ وَعَائِشَةَ وَابْنِ عُمَرَ وَجَابِرٍ ‏.‏ قَالَ أَبُو عِيسَى حَدِيثُ ابْنِ عَبَّاسٍ حَدِيثٌ غَرِيبٌ مِنْ هَذَا الْوَجْهِ ‏.‏
Ibn Abbas narrated that:The Prophet said: "The Lahd is for us and the hole is for other than us
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAhmad Muhammad Shakir
  • SahihAl-Albani
  • DaifZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 10 · The Book on Jana''iz (Funerals)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।