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सुनन नसाई

नंबर 5718

नंबर 5718किताब 51, नंबर 180
أَخْبَرَنَا سُوَيْدٌ، قَالَ أَنْبَأَنَا عَبْدُ اللَّهِ، عَنْ جَرِيرٍ، عَنْ مُغِيرَةَ، عَنِ الشَّعْبِيِّ، قَالَ كَانَ عَلِيٌّ رضى الله عنه يَرْزُقُ النَّاسَ الطِّلاَءَ يَقَعُ فِيهِ الذُّبَابُ وَلاَ يَسْتَطِيعُ أَنْ يُخْرَجَ مِنْهُ ‏.‏
It was narrated that Ash-Sha'bi said:"Ali, may Allah be pleased with him, used to give the people thickened grape juice into which flies would fall and not be able to get out again
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • Sahih Isnaad MauqufAbu Ghuddah
  • Sahih Isnaad MauqufAl-Albani
  • DaifZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 51 · The Book of Drinks

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।