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सुनन नसाई

नंबर 5222

नंबर 5222किताब 48, नंबर 183
أَخْبَرَنَا يُوسُفُ بْنُ سَعِيدِ بْنِ مُسَلَّمٍ، قَالَ حَدَّثَنَا حَجَّاجٌ، عَنِ ابْنِ جُرَيْجٍ، قَالَ أَخْبَرَنِي سُلَيْمَانُ بْنُ بَابَيْهِ، مَوْلَى آلِ نَوْفَلٍ أَنَّ أُمَّ، سَلَمَةَ زَوْجَ النَّبِيِّ صلى الله عليه وسلم قَالَتْ سَمِعْتُ رَسُولَ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم يَقُولُ ‏ "‏ لاَ تَدْخُلُ الْمَلاَئِكَةُ بَيْتًا فِيهِ جُلْجُلٌ وَلاَ جَرَسٌ وَلاَ تَصْحَبُ الْمَلاَئِكَةُ رُفْقَةً فِيهَا جَرَسٌ ‏"‏ ‏.‏
Umm Salamah, the wife of the Prophet [SAW], said:"I heard the Messenger of Allah [SAW] say: 'The angels do not enter a house in which there is a small bell, or a bell, and the angels do not accompany groups of people who have bells with them
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • HasanAbu Ghuddah
  • HasanAl-Albani
  • SahihZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 48 · The Book of Adornment

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।