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सुनन नसाई

नंबर 4546

नंबर 4546किताब 44, नंबर 98
أَخْبَرَنَا مُحَمَّدُ بْنُ عَلِيِّ بْنِ مَيْمُونٍ، قَالَ حَدَّثَنَا مُحَمَّدُ بْنُ يُوسُفَ الْفِرْيَابِيُّ، قَالَ حَدَّثَنَا سُفْيَانُ، عَنْ إِسْمَاعِيلَ بْنِ أُمَيَّةَ، عَنْ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ يَزِيدَ، عَنْ زَيْدٍ، عَنْ سَعْدِ بْنِ مَالِكٍ، قَالَ سُئِلَ رَسُولُ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم عَنِ الرُّطَبِ بِالتَّمْرِ فَقَالَ ‏ "‏ أَيَنْقُصُ إِذَا يَبِسَ ‏"‏ ‏.‏ قَالُوا نَعَمْ ‏.‏ فَنَهَى عَنْهُ ‏.‏
It was narrated that Sa 'd bin Malik said:"The Messenger of Allah was asked about (buying) said; 'Will fresh dates decrees (in weight or volume) when they dry out? 'They said 'yes so he forbade that
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAbu Ghuddah
  • SahihAl-Albani
  • HasanZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 44 · The Book of Financial Transactions

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।