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सुनन नसाई

नंबर 2248

नंबर 2248किताब 22, नंबर 159
أَخْبَرَنَا مُحَمَّدُ بْنُ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ عَبْدِ الْحَكَمِ، عَنْ شُعَيْبٍ، قَالَ أَنْبَأَنَا اللَّيْثُ، عَنِ ابْنِ الْهَادِ، عَنْ سُهَيْلٍ، عَنِ ابْنِ أَبِي عَيَّاشٍ، عَنْ أَبِي سَعِيدٍ، أَنَّهُ سَمِعَ رَسُولَ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم يَقُولُ ‏ "‏ مَا مِنْ عَبْدٍ يَصُومُ يَوْمًا فِي سَبِيلِ اللَّهِ عَزَّ وَجَلَّ إِلاَّ بَعَّدَ اللَّهُ عَزَّ وَجَلَّ بِذَلِكَ الْيَوْمِ وَجْهَهُ عَنِ النَّارِ سَبْعِينَ خَرِيفًا ‏"‏ ‏.‏
It was narrated from Abu Saeed that he heard the Messenger of Allah say:"There is no worshipper who fasts a day in the cause of Allah, the mighty and sublime, but Allah the mighty and sublime, will separate his face from the fire by (a distance of) seventy autumns in return for that day
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAbu Ghuddah
  • SahihAl-Albani
  • Sahih - Agreed UponZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 22 · The Book of Fasting

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।