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सुनन नसाई

नंबर 871

नंबर 871किताब 10, नंबर 95
أَخْبَرَنَا حُمَيْدُ بْنُ مَسْعَدَةَ، عَنْ يَزِيدَ بْنِ زُرَيْعٍ، قَالَ حَدَّثَنَا سَعِيدٌ، عَنْ زِيَادٍ الأَعْلَمِ، قَالَ حَدَّثَنَا الْحَسَنُ، أَنَّ أَبَا بَكْرَةَ، حَدَّثَهُ أَنَّهُ، دَخَلَ الْمَسْجِدَ وَالنَّبِيُّ صلى الله عليه وسلم رَاكِعٌ فَرَكَعَ دُونَ الصَّفِّ فَقَالَ النَّبِيُّ صلى الله عليه وسلم ‏ "‏ زَادَكَ اللَّهُ حِرْصًا وَلاَ تَعُدْ ‏"‏ ‏.‏
Abu Bakrah narrated that he entered the Masjid when the when the Prophet (ﷺ) was bowing, so he bowed outside the row. The Prophet said:"May Allah increase you in keenness, but do not do this again
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAbu Ghuddah
  • SahihAl-Albani
  • Sahih BukhariZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 10 · The Book of Leading the Prayer (Al-Imamah)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।