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सहीह मुस्लिम

नंबर 7398

नंबर 7398किताब 54, नंबर 159अरबी नंबरिंग 2947.02
حَدَّثَنَا أُمَيَّةُ بْنُ بِسْطَامَ الْعَيْشِيُّ، حَدَّثَنَا يَزِيدُ بْنُ زُرَيْعٍ، حَدَّثَنَا شُعْبَةُ، عَنْ قَتَادَةَ، عَنِ الْحَسَنِ، عَنْ زِيَادِ بْنِ رِيَاحٍ، عَنْ أَبِي هُرَيْرَةَ، عَنِ النَّبِيِّ صلى الله عليه وسلم قَالَ ‏ "‏ بَادِرُوا بِالأَعْمَالِ سِتًّا الدَّجَّالَ وَالدُّخَانَ وَدَابَّةَ الأَرْضِ وَطُلُوعَ الشَّمْسِ مِنْ مَغْرِبِهَا وَأَمْرَ الْعَامَّةِ وَخُوَيِّصَةَ أَحَدِكُمْ ‏"‏ ‏.‏
Abu Huraira reported Allah's Messenger (ﷺ) as saying:Hasten in performing these good deeds (before these) six things (happen): (the appearance) of the Dajjal, the smoke, the beast of the earth, the rising of the sun from the west, the general turmoil (leading to large-scale massacre) and death of masses and individuals

स्रोत में इस रिवायत का कोई दर्जा दर्ज नहीं है।

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 54 · The Book of Tribulations and Portents of the Last Hour

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।