सीधे कंटेंट पर जाएँ
मुवत्ता इमाम मालिक

नंबर 1070

नंबर 1070किताब 26, नंबर 4
حَدَّثَنِي يَحْيَى، عَنْ مَالِكٍ، عَنْ نَافِعٍ، أَنَّ عَبْدَ اللَّهِ بْنَ عُمَرَ، لَمْ يَكُنْ يَسْأَلُهُ أَحَدٌ مِنْ أَهْلِهِ عَقِيقَةً إِلاَّ أَعْطَاهُ إِيَّاهَا وَكَانَ يَعُقُّ عَنْ وَلَدِهِ بِشَاةٍ شَاةٍ عَنِ الذُّكُورِ وَالإِنَاثِ ‏.‏
Yahya related to me from Malik from Nafi that if any of Abdullah ibn Umar's family asked him for an aqiqa, he would give it to them. He gave a sheep as aqiqa for both his male and female children
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • Mauquf SahihSalim al-Hilali

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 26 · The 'Aqiqa

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।