सीधे कंटेंट पर जाएँ
सुनन इब्न माजा

नंबर 1662

नंबर 1662किताब 7, नंबर 25
حَدَّثَنَا أَبُو بَكْرِ بْنُ أَبِي شَيْبَةَ، حَدَّثَنَا عَبْدُ اللَّهِ بْنُ نُمَيْرٍ، عَنْ هِشَامِ بْنِ عُرْوَةَ، عَنْ أَبِيهِ، عَنْ عَائِشَةَ، قَالَتْ: سَأَلَ حَمْزَةُ الأَسْلَمِيُّ رَسُولَ اللَّهِ ـ صلى الله عليه وسلم ـ فَقَالَ: إِنِّي أَصُومُ أَفَأَصُومُ فِي السَّفَرِ؟ فَقَالَ ـ صلى الله عليه وسلم ـ ‏ "‏ إِنْ شِئْتَ فَصُمْ وَإِنْ شِئْتَ فَأَفْطِرْ ‏"‏ ‏.‏
It was narrated that ‘Aishah said:“Hamzah Al-Aslami asked the Messenger of Allah (ﷺ): ‘I am fasting, should I fast while traveling?’ The Messenger of Allah (ﷺ) said: ‘If you wish, then fast, and if you wish, then break your fast.’”
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAl-Albani
  • SahihMuhammad Fouad Abd al-Baqi
  • SahihShuaib Al Arnaut
  • Sahih - Bukhari And MuslimZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 7 · Fasting

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।