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सुनन इब्न माजा

नंबर 1472

नंबर 1472किताब 6, नंबर 40
حَدَّثَنَا مُحَمَّدُ بْنُ الصَّبَّاحِ، أَنْبَأَنَا عَبْدُ اللَّهِ بْنُ رَجَاءٍ الْمَكِّيُّ، عَنْ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ عُثْمَانَ بْنِ خُثَيْمٍ، عَنْ سَعِيدِ بْنِ جُبَيْرٍ، عَنِ ابْنِ عَبَّاسٍ، قَالَ قَالَ رَسُولُ اللَّهِ ـ صلى الله عليه وسلم ـ ‏ "‏ خَيْرُ ثِيَابِكُمُ الْبَيَاضُ فَكَفِّنُوا فِيهَا مَوْتَاكُمْ وَالْبَسُوهَا ‏"‏ ‏.‏
It was narrated from Ibn ‘Abbas that the Messenger of Allah (ﷺ) said:“The best of your garments are those which are white, so shroud your dead in them, and wear them.”
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAl-Albani
  • SahihMuhammad Fouad Abd al-Baqi
  • SahihShuaib Al Arnaut
  • Isnaad HasanZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 6 · Chapters Regarding Funerals

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।