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सुनन इब्न माजा

नंबर 957

नंबर 957किताब 5, नंबर 155
حَدَّثَنَا بَكْرُ بْنُ خَلَفٍ، وَسُوَيْدُ بْنُ سَعِيدٍ، قَالاَ حَدَّثَنَا يَزِيدُ بْنُ زُرَيْعٍ، حَدَّثَنَا خَالِدٌ الْحَذَّاءُ، عَنْ أَبِي قِلاَبَةَ، عَنْ زَيْنَبَ بِنْتِ أَبِي سَلَمَةَ، عَنْ أُمِّهَا، قَالَتْ كَانَ فِرَاشُهَا بِحِيَالِ مَسْجِدِ رَسُولِ اللَّهِ ـ صلى الله عليه وسلم ـ ‏.‏
It was narrated from Zainab bint Umm Salamah that her mother said that her bed was in front of the place where the Messenger of Allah (ﷺ) prostrated
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAl-Albani
  • SahihMuhammad Fouad Abd al-Baqi
  • SahihShuaib Al Arnaut
  • Isnaad SahihZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 5 · Establishing the Prayer and the Sunnah Regarding Them

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।