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सुनन इब्न माजा

नंबर 1093

नंबर 1093किताब 5, नंबर 291
حَدَّثَنَا أَبُو كُرَيْبٍ، حَدَّثَنَا وَكِيعٌ، عَنْ سَعِيدِ بْنِ بَشِيرٍ، عَنْ قَتَادَةَ، عَنِ الْحَسَنِ، عَنْ سَمُرَةَ بْنِ جُنْدُبٍ، أَنَّ رَسُولَ اللَّهِ ـ صلى الله عليه وسلم ـ ضَرَبَ مَثَلَ الْجُمُعَةِ ثُمَّ التَّبْكِيرِ، كَنَاحِرِ الْبَدَنَةِ، كَنَاحِرِ الْبَقَرَةِ، كَنَاحِرِ الشَّاةِ، حَتَّى ذَكَرَ الدَّجَاجَةَ ‏.‏
It was narrated from Samurah bin Jundab that the Messenger of Allah (ﷺ) described the likeness of Friday, saying that those who come earliest are like the one who sacrifices a camel, then like one who sacrifices a cow, then like one who sacrifices a sheep, until he made mention of a chicken
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • Hasan SahihAl-Albani
  • Hasan SahihMuhammad Fouad Abd al-Baqi
  • Sahih LighairihiShuaib Al Arnaut
  • DaifZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 5 · Establishing the Prayer and the Sunnah Regarding Them

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।