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सुनन इब्न माजा

नंबर 3214

नंबर 3214किताब 28, नंबर 15
حَدَّثَنَا عَمْرُو بْنُ عَبْدِ اللَّهِ، حَدَّثَنَا وَكِيعٌ، ح وَحَدَّثَنَا عَلِيُّ بْنُ الْمُنْذِرِ، حَدَّثَنَا مُحَمَّدُ بْنُ فُضَيْلٍ، قَالاَ حَدَّثَنَا زَكَرِيَّا بْنُ أَبِي زَائِدَةَ، عَنْ عَامِرٍ، عَنْ عَدِيِّ بْنِ حَاتِمٍ، قَالَ سَأَلْتُ رَسُولَ اللَّهِ ـ صلى الله عليه وسلم ـ عَنِ الصَّيْدِ بِالْمِعْرَاضِ ‏.‏ قَالَ ‏ "‏ مَا أَصَبْتَ بِحَدِّهِ فَكُلْ وَمَا أَصَبْتَ بِعَرْضِهِ فَهُوَ وَقِيذٌ ‏"‏ ‏.‏
It was narrated that ‘Adi bin Hatim said:“I asked the Messenger of Allah (ﷺ) about hunting with Mi’rad. He said: ‘Whatever it struck with its sharp edge, then eat it, but what is struck with its side is something that has been killed by a violent blow.’”
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAl-Albani
  • SahihMuhammad Fouad Abd al-Baqi
  • SahihShuaib Al Arnaut
  • Sahih - Agreed UponZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 28 · Chapters on Hunting

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।