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सुनन इब्न माजा

नंबर 2805

नंबर 2805किताब 24, नंबर 53
حَدَّثَنَا هِشَامُ بْنُ عَمَّارٍ، وَسُوَيْدُ بْنُ سَعِيدٍ، قَالاَ حَدَّثَنَا مَالِكُ بْنُ أَنَسٍ، حَدَّثَنِي الزُّهْرِيُّ، عَنْ أَنَسِ بْنِ مَالِكٍ، أَنَّ النَّبِيَّ صلى الله عليه وسلم دَخَلَ مَكَّةَ يَوْمَ الْفَتْحِ وَعَلَى رَأْسِهِ الْمِغْفَرُ ‏.‏
It was narrated from Anas bin Malik that the Prophet (ﷺ) entered Makkah on the day of the Conquest, with a helmet on his head
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAl-Albani
  • SahihMuhammad Fouad Abd al-Baqi
  • SahihShuaib Al Arnaut
  • Sahih - Agreed UponZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 24 · The Chapters on Jihad

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।