सीधे कंटेंट पर जाएँ
सुनन इब्न माजा

नंबर 2777

नंबर 2777किताब 24, नंबर 25
حَدَّثَنَا هِشَامُ بْنُ عَمَّارٍ، حَدَّثَنَا بَقِيَّةُ، عَنْ مُعَاوِيَةَ بْنِ يَحْيَى، عَنْ لَيْثِ بْنِ أَبِي سُلَيْمٍ، عَنْ يَحْيَى بْنِ عَبَّادٍ، عَنْ أُمِّ الدَّرْدَاءِ، عَنْ أَبِي الدَّرْدَاءِ، أَنَّ رَسُولَ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم قَالَ ‏ "‏ غَزْوَةٌ فِي الْبَحْرِ مِثْلُ عَشْرِ غَزَوَاتٍ فِي الْبَرِّ وَالَّذِي يَسْدَرُ فِي الْبَحْرِ كَالْمُتَشَحِّطِ فِي دَمِهِ فِي سَبِيلِ اللَّهِ سُبْحَانَهُ ‏"‏ ‏.‏
It was narrated from Abu Darda’ that the Messenger of Allah (ﷺ) said:“A military expedition by sea is like ten expeditions by land. The one who suffers from seasickness is like one who gets drenched in his own blood in the cause of Allah.”
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • DaifAl-Albani
  • DaifMuhammad Fouad Abd al-Baqi
  • Sanad DaifShuaib Al Arnaut
  • DaifZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 24 · The Chapters on Jihad

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।