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सुनन इब्न माजा

नंबर 495

नंबर 495किताब 1, नंबर 229
حَدَّثَنَا مُحَمَّدُ بْنُ بَشَّارٍ، حَدَّثَنَا عَبْدُ الرَّحْمَنِ بْنُ مَهْدِيٍّ، حَدَّثَنَا زَائِدَةُ، وَإِسْرَائِيلُ، عَنْ أَشْعَثَ بْنِ أَبِي الشَّعْثَاءِ، عَنْ جَعْفَرِ بْنِ أَبِي ثَوْرٍ، عَنْ جَابِرِ بْنِ سَمُرَةَ، قَالَ أَمَرَنَا رَسُولُ اللَّهِ ـ صلى الله عليه وسلم ـ أَنْ نَتَوَضَّأَ مِنْ لُحُومِ الإِبِلِ وَلاَ نَتَوَضَّأَ مِنْ لُحُومِ الْغَنَمِ ‏.‏
It was narrated that Jabir bin Samurah said:"The Messenger of Allah commanded us to perform ablution after eating camel meat but not to perform ablution after eating the mutton
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAl-Albani
  • SahihMuhammad Fouad Abd al-Baqi
  • SahihShuaib Al Arnaut
  • Sahih MuslimZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 1 · The Book of Purification and its Sunnah

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।