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सुनन इब्न माजा

नंबर 221

नंबर 221किताब 0, नंबर 221
حَدَّثَنَا هِشَامُ بْنُ عَمَّارٍ، حَدَّثَنَا الْوَلِيدُ بْنُ مُسْلِمٍ، حَدَّثَنَا مَرْوَانُ بْنُ جَنَاحٍ، عَنْ يُونُسَ بْنِ مَيْسَرَةَ بْنِ حَلْبَسٍ، أَنَّهُ حَدَّثَهُ قَالَ سَمِعْتُ مُعَاوِيَةَ بْنَ أَبِي سُفْيَانَ، يُحَدِّثُ عَنْ رَسُولِ اللَّهِ ـ صلى الله عليه وسلم ـ أَنَّهُ قَالَ ‏ "‏ الْخَيْرُ عَادَةٌ وَالشَّرُّ لَجَاجَةٌ وَمَنْ يُرِدِ اللَّهُ بِهِ خَيْرًا يُفَقِّهْهُ فِي الدِّينِ ‏"‏ ‏.‏
It was narrated that Yunus bin Maisarah bin Halbas said:"I heard Mu'awiyah bin Abu Sufyan narrating that the Messenger of Allah said: "Goodness is a (natural) habit while evil is a stubbornness (constant prodding from Satan). When Allah wills good for a person, He causes him to understand the religion
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • HasanAl-Albani
  • HasanMuhammad Fouad Abd al-Baqi
  • HasanShuaib Al Arnaut
  • Isnaad HasanZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

The Book of the Sunnah

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।