क़ुतबा बिन मालिक (रज़ियल्लाहु अंहु) का वर्णन है कि नबी (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) यह दुआ करते थेः "ऐ अल्लाह, मुझे बुरे व्यवहार, कर्मों, आकांक्षाओं और बीमारियों से बचा।"
इसे तिर्मिज़ी ने रिवायत किया है।दर्जासह़ीह़
हवाला
سنن الترمذي (5/ 544) (3591).
فتح ذي الجلال والاكرام بشرح بلوغ المرام، لابن عثيمين (6/ 389).
منحة العلام في شرح بلوغ المرام، لعبد الله الفوزان (10/ 248).
توضِيحُ الأحكَامِ مِن بُلوُغ المَرَام، للبسام (7/ 436).
यहाँ हर हदीस, दर्जा, तशरीह और फ़ायदा ठीक वैसे ही दिखाया गया है जैसे HadeethEnc.com उसे शाया करता है, दोबारा इशाअत की उसकी शर्तों के तहत। दर्जे के साथ हुक्म लगाने वाले का नाम दर्ज नहीं है। तर्जुमे और तशरीहें उसके मुसन्निफ़ों की अपनी हैं, और कुछ में अहकाम बयान हुए हैं; सबील के जाँचने वालों ने इन्हें नहीं परखा है। अरबी हदीस ही असल टेक्स्ट है। स्रोत: HadeethEnc.com