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सहीह बुख़ारी

नंबर 6572

नंबर 6572किताब 81, नंबर 160
حَدَّثَنَا مُسَدَّدٌ، حَدَّثَنَا أَبُو عَوَانَةَ، عَنْ عَبْدِ الْمَلِكِ، عَنْ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ الْحَارِثِ بْنِ نَوْفَلٍ، عَنِ الْعَبَّاسِ ـ رضى الله عنه ـ أَنَّهُ قَالَ لِلنَّبِيِّ صلى الله عليه وسلم هَلْ نَفَعْتَ أَبَا طَالِبٍ بِشَىْءٍ‏.‏
Narrated `Abbas:that he said to the Prophet (ﷺ) "Did you benefit Abu Talib with anything?

स्रोत में इस रिवायत का कोई दर्जा दर्ज नहीं है।

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 81 · To make the Heart Tender (Ar-Riqaq)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।