सीधे कंटेंट पर जाएँ
सहीह बुख़ारी

नंबर 3102

नंबर 3102किताब 57, नंबर 11
حَدَّثَنَا إِبْرَاهِيمُ بْنُ الْمُنْذِرِ، حَدَّثَنَا أَنَسُ بْنُ عِيَاضٍ، عَنْ عُبَيْدِ اللَّهِ، عَنْ مُحَمَّدِ بْنِ يَحْيَى بْنِ حَبَّانَ، عَنْ وَاسِعِ بْنِ حَبَّانَ، عَنْ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ عُمَرَ ـ رضى الله عنهما ـ قَالَ ارْتَقَيْتُ فَوْقَ بَيْتِ حَفْصَةَ، فَرَأَيْتُ النَّبِيَّ صلى الله عليه وسلم يَقْضِي حَاجَتَهُ، مُسْتَدْبِرَ الْقِبْلَةِ، مُسْتَقْبِلَ الشَّأْمِ‏.‏
Narrated `Abdullah bin `Umar:Once I went upstairs in Hafsa's house and saw the Prophet (ﷺ) answering the call of nature with his back towards the Qibla and facing Sham

स्रोत में इस रिवायत का कोई दर्जा दर्ज नहीं है।

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 57 · One-fifth of Booty to the Cause of Allah (Khumus)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।