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सहीह बुख़ारी

नंबर 1426

नंबर 1426किताब 24, नंबर 30
حَدَّثَنَا عَبْدَانُ، أَخْبَرَنَا عَبْدُ اللَّهِ، عَنْ يُونُسَ، عَنِ الزُّهْرِيِّ، قَالَ أَخْبَرَنِي سَعِيدُ بْنُ الْمُسَيَّبِ، أَنَّهُ سَمِعَ أَبَا هُرَيْرَةَ ـ رضى الله عنه ـ عَنِ النَّبِيِّ صلى الله عليه وسلم قَالَ ‏ "‏ خَيْرُ الصَّدَقَةِ مَا كَانَ عَنْ ظَهْرِ غِنًى، وَابْدَأْ بِمَنْ تَعُولُ ‏"‏‏.‏
Narrated Abu Huraira:The Prophet (ﷺ) said, "The best charity is that which is practiced by a wealthy person. And start giving first to your dependents

स्रोत में इस रिवायत का कोई दर्जा दर्ज नहीं है।

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 24 · Obligatory Charity Tax (Zakat)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।