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सुनन अबू दाऊद

नंबर 5249

नंबर 5249किताब 43, नंबर 477
حَدَّثَنَا عَبْدُ الْحَمِيدِ بْنُ بَيَانٍ السُّكَّرِيُّ، عَنْ إِسْحَاقَ بْنِ يُوسُفَ، عَنْ شَرِيكٍ، عَنْ أَبِي إِسْحَاقَ، عَنِ الْقَاسِمِ بْنِ عَبْدِ الرَّحْمَنِ، عَنْ أَبِيهِ، عَنِ ابْنِ مَسْعُودٍ، قَالَ قَالَ رَسُولُ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم ‏ "‏ اقْتُلُوا الْحَيَّاتِ كُلَّهُنَّ فَمَنْ خَافَ ثَأْرَهُنَّ فَلَيْسَ مِنِّي ‏"‏ ‏.‏
Narrated Abdullah ibn Mas'ud: The Prophet (ﷺ) said: Kill all the snakes, and he who fears their revenge does not belong to me
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAl-Albani
  • SahihMuhammad Muhyi Al-Din Abdul Hamid
  • DaifShuaib Al Arnaut
  • DaifZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 43 · General Behavior (Kitab Al-Adab)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।