सीधे कंटेंट पर जाएँ
सुनन अबू दाऊद

नंबर 5211

नंबर 5211किताब 43, नंबर 439
حَدَّثَنَا عَمْرُو بْنُ عَوْنٍ، أَخْبَرَنَا هُشَيْمٌ، عَنْ أَبِي بَلْجٍ، عَنْ زَيْدٍ أَبِي الْحَكَمِ الْعَنَزِيِّ، عَنِ الْبَرَاءِ بْنِ عَازِبٍ، قَالَ قَالَ رَسُولُ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم ‏ "‏ إِذَا الْتَقَى الْمُسْلِمَانِ فَتَصَافَحَا وَحَمِدَا اللَّهَ عَزَّ وَجَلَّ وَاسْتَغْفَرَاهُ غُفِرَ لَهُمَا ‏"‏ ‏.‏
Narrated Al-Bara' ibn Azib: The Prophet (ﷺ) said: If two Muslims meet, shake hands, praise Allah, and ask Him for forgiveness, they will be forgiven
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • DaifAl-Albani
  • DaifMuhammad Muhyi Al-Din Abdul Hamid
  • DaifZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 43 · General Behavior (Kitab Al-Adab)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।