सीधे कंटेंट पर जाएँ
सुनन अबू दाऊद

नंबर 4690

नंबर 4690किताब 42, नंबर 95
حَدَّثَنَا إِسْحَاقُ بْنُ سُوَيْدٍ الرَّمْلِيُّ، حَدَّثَنَا ابْنُ أَبِي مَرْيَمَ، أَخْبَرَنَا نَافِعٌ، - يَعْنِي ابْنَ يَزِيدَ - قَالَ حَدَّثَنِي ابْنُ الْهَادِ، أَنَّ سَعِيدَ بْنَ أَبِي سَعِيدٍ الْمَقْبُرِيَّ، حَدَّثَهُ أَنَّهُ، سَمِعَ أَبَا هُرَيْرَةَ، يَقُولُ قَالَ رَسُولُ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم ‏ "‏ إِذَا زَنَى الرَّجُلُ خَرَجَ مِنْهُ الإِيمَانُ كَانَ عَلَيْهِ كَالظُّلَّةِ فَإِذَا انْقَطَعَ رَجَعَ إِلَيْهِ الإِيمَانُ ‏"‏ ‏.‏
Narrated AbuHurayrah: The Prophet (ﷺ) said: When a man commits fornication, faith departs from him and there is something like a canvas roof over his head; and when he quits that action, faith returns to him
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAl-Albani
  • SahihMuhammad Muhyi Al-Din Abdul Hamid
  • SahihShuaib Al Arnaut
  • Isnaad SahihZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 42 · Model Behavior of the Prophet (Kitab Al-Sunnah)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।