सीधे कंटेंट पर जाएँ
सुनन अबू दाऊद

नंबर 4423

नंबर 4423किताब 40, नंबर 73
حَدَّثَنَا مُحَمَّدُ بْنُ الْمُثَنَّى، عَنْ مُحَمَّدِ بْنِ جَعْفَرٍ، عَنْ شُعْبَةَ، عَنْ سِمَاكٍ، قَالَ سَمِعْتُ جَابِرَ بْنَ سَمُرَةَ، بِهَذَا الْحَدِيثِ وَالأَوَّلُ أَتَمُّ قَالَ فَرَدَّهُ مَرَّتَيْنِ ‏.‏ قَالَ سِمَاكٌ فَحَدَّثْتُ بِهِ سَعِيدَ بْنَ جُبَيْرٍ فَقَالَ إِنَّهُ رَدَّهُ أَرْبَعَ مَرَّاتٍ ‏.‏
Simak said:I heard this tradition from Jabir b. Samurah. But the first version is more perfect. This version has: He repeated twice, Simak said: I narrated to Sa’id b. Jubair. He said: He repeated it four times
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAl-Albani
  • SahihMuhammad Muhyi Al-Din Abdul Hamid
  • Sahih LighairihiShuaib Al Arnaut
  • Sahih Muslim (1692)Zubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 40 · Prescribed Punishments (Kitab Al-Hudud)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।