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सुनन अबू दाऊद

नंबर 3921

नंबर 3921किताब 30, नंबर 18
حَدَّثَنَا مُوسَى بْنُ إِسْمَاعِيلَ، حَدَّثَنَا أَبَانُ، حَدَّثَنِي يَحْيَى، أَنَّ الْحَضْرَمِيَّ بْنَ لاَحِقٍ، حَدَّثَهُ عَنْ سَعِيدِ بْنِ الْمُسَيَّبِ، عَنْ سَعْدِ بْنِ مَالِكٍ، أَنَّ رَسُولَ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم كَانَ يَقُولُ ‏ "‏ لاَ هَامَةَ وَلاَ عَدْوَى وَلاَ طِيَرَةَ وَإِنْ تَكُنِ الطِّيَرَةُ فِي شَىْءٍ فَفِي الْفَرَسِ وَالْمَرْأَةِ وَالدَّارِ ‏"‏ ‏.‏
Narrated Sa'd ibn Malik: The Prophet (ﷺ) said: There is no hamah, no infection and no evil omen; if there is in anything an evil omen, it is a house, a horse, and a woman
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAl-Albani
  • SahihMuhammad Muhyi Al-Din Abdul Hamid
  • Sahih LighairihiShuaib Al Arnaut
  • Isnaad HasanZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 30 · Divination and Omens (Kitab Al-Kahanah Wa Al-Tatayyur)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।