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सुनन अबू दाऊद

नंबर 3754

नंबर 3754किताब 28, नंबर 19
حَدَّثَنَا هَارُونُ بْنُ زَيْدِ بْنِ أَبِي الزَّرْقَاءِ، حَدَّثَنَا أَبِي، حَدَّثَنَا جَرِيرُ بْنُ حَازِمٍ، عَنِ الزُّبَيْرِ بْنِ خِرِّيتٍ، قَالَ سَمِعْتُ عِكْرِمَةَ، يَقُولُ كَانَ ابْنُ عَبَّاسٍ يَقُولُ إِنَّ النَّبِيَّ صلى الله عليه وسلم نَهَى عَنْ طَعَامِ الْمُتَبَارِيَيْنِ أَنْ يُؤْكَلَ ‏.‏ قَالَ أَبُو دَاوُدَ أَكْثَرُ مَنْ رَوَاهُ عَنْ جَرِيرٍ لاَ يَذْكُرُ فِيهِ ابْنَ عَبَّاسٍ وَهَارُونُ النَّحْوِيُّ ذَكَرَ فِيهِ ابْنَ عَبَّاسٍ أَيْضًا وَحَمَّادُ بْنُ زَيْدٍ لَمْ يَذْكُرِ ابْنَ عَبَّاسٍ ‏.‏
Narrated Abdullah ibn Abbas: The Prophet (ﷺ) forbade that the food of two people who were rivalling on another should be eaten Abu Dawud said: Most of those who narrated it from Jarir did not mention the name of Ibn Abbas. Harun al-Nahwi mentioned Ibn 'Abbas in it, and Hammad bin Zaid did not mention Ibn 'Abbas
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAl-Albani
  • SahihMuhammad Muhyi Al-Din Abdul Hamid
  • SahihZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 28 · Foods (Kitab Al-At'imah)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।