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सुनन अबू दाऊद

नंबर 3030

नंबर 3030किताब 20, नंबर 103
حَدَّثَنَا الْحَسَنُ بْنُ عَلِيٍّ، حَدَّثَنَا أَبُو عَاصِمٍ، وَعَبْدُ الرَّزَّاقِ، قَالاَ أَخْبَرَنَا ابْنُ جُرَيْجٍ، أَخْبَرَنِي أَبُو الزُّبَيْرِ، أَنَّهُ سَمِعَ جَابِرَ بْنَ عَبْدِ اللَّهِ، يَقُولُ أَخْبَرَنِي عُمَرُ بْنُ الْخَطَّابِ، أَنَّهُ سَمِعَ رَسُولَ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم يَقُولُ ‏ "‏ لأُخْرِجَنَّ الْيَهُودَ وَالنَّصَارَى مِنْ جَزِيرَةِ الْعَرَبِ فَلاَ أَتْرُكُ فِيهَا إِلاَّ مُسْلِمًا ‏"‏ ‏.‏
Jabir bin ‘Abd Allah said that he was told by ‘Umar bin Al Khattab that he heard the Apostle of Allaah(ﷺ) say “I will certainly expel the Jews and the Christians from Arabia and I shall leave only Muslims in it.”
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAl-Albani
  • Sahih Muslim (1767)Zubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 20 · Tribute, Spoils, and Rulership (Kitab Al-Kharaj, Wal-Fai' Wal-Imarah)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।