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सुनन अबू दाऊद

नंबर 807

नंबर 807किताब 2, नंबर 417
حَدَّثَنَا مُحَمَّدُ بْنُ عِيسَى، حَدَّثَنَا مُعْتَمِرُ بْنُ سُلَيْمَانَ، وَيَزِيدُ بْنُ هَارُونَ، وَهُشَيْمٌ، عَنْ سُلَيْمَانَ التَّيْمِيِّ، عَنْ أُمَيَّةَ، عَنْ أَبِي مِجْلَزٍ، عَنِ ابْنِ عُمَرَ، أَنَّ النَّبِيَّ صلى الله عليه وسلم سَجَدَ فِي صَلاَةِ الظُّهْرِ ثُمَّ قَامَ فَرَكَعَ فَرَأَيْنَا أَنَّهُ قَرَأَ تَنْزِيلَ السَّجْدَةِ ‏.‏ قَالَ ابْنُ عِيسَى لَمْ يَذْكُرْ أُمَيَّةَ أَحَدٌ إِلاَّ مُعْتَمِرٌ ‏.‏
Ibn ‘Umr said:The prophet (ﷺ) prostrated himself in the noon prayer; then he stood up and bowed, and we knew that he recited Tanzil al-sajdah(surah xxxii). Ibn ‘Isa said: No one narrated this tradition to Umayyah except Mu’tamir
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • DaifAl-Albani
  • DaifMuhammad Muhyi Al-Din Abdul Hamid
  • DaifShuaib Al Arnaut
  • DaifZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 2 · Prayer (Kitab Al-Salat)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।