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सुनन अबू दाऊद

नंबर 2794

नंबर 2794किताब 16, नंबर 7
حَدَّثَنَا مُسْلِمُ بْنُ إِبْرَاهِيمَ، حَدَّثَنَا هِشَامٌ، عَنْ قَتَادَةَ، عَنْ أَنَسٍ، أَنَّ النَّبِيَّ صلى الله عليه وسلم ضَحَّى بِكَبْشَيْنِ أَقْرَنَيْنِ أَمْلَحَيْنِ يَذْبَحُ وَيُكَبِّرُ وَيُسَمِّي وَيَضَعُ رِجْلَهُ عَلَى صَفْحَتِهِمَا ‏.‏
Narrated Anas:The Prophet (ﷺ) sacrificed two horned rams which were white with black markings, slaughtered, and uttered: "Allah is Most Great." and mentioned Allah's name and placed his foot on their sides
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAl-Albani
  • SahihMuhammad Muhyi Al-Din Abdul Hamid
  • Sahih Bukhari (3799)Zubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 16 · Sacrifice (Kitab Al-Dahaya)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।