सीधे कंटेंट पर जाएँ
सुनन अबू दाऊद

नंबर 2704

नंबर 2704किताब 15, नंबर 228
حَدَّثَنَا مُحَمَّدُ بْنُ الْعَلاَءِ، حَدَّثَنَا أَبُو مُعَاوِيَةَ، حَدَّثَنَا أَبُو إِسْحَاقَ الشَّيْبَانِيُّ، عَنْ مُحَمَّدِ بْنِ أَبِي مُجَالِدٍ، عَنْ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ أَبِي أَوْفَى، قَالَ قُلْتُ هَلْ كُنْتُمْ تُخَمِّسُونَ - يَعْنِي الطَّعَامَ - فِي عَهْدِ رَسُولِ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم فَقَالَ أَصَبْنَا طَعَامًا يَوْمَ خَيْبَرَ فَكَانَ الرَّجُلُ يَجِيءُ فَيَأْخُذُ مِنْهُ مِقْدَارَ مَا يَكْفِيهِ ثُمَّ يَنْصَرِفُ ‏.‏
अब्दुल्लाह बिन अबू औफ़ा से रिवायत है कि उनसे पूछा गया कि क्या आप लोग अल्लाह के रसूल (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) के ज़माने में (खाने की वस्तुओं का) पाँचवाँ भाग निकालते थे? तो उन्होंने कहाः हमने ख़ैबर के दिन खाने की वस्तुएँ प्राप्त कीं, तो (एक-एक) आदमी आता और अपनी ज़रूरत भर लेकर वापस हो जाता।

तर्जुमा: HadeethEnc.comइसकी तशरीह

स्रोत में दर्ज दर्जे
  • SahihAl-Albani
  • SahihMuhammad Muhyi Al-Din Abdul Hamid
  • SahihShuaib Al Arnaut
  • Isnaad SahihZubair Ali Zai

जहाँ तर्जुमा शुदा नबवी हदीसों के इनसाइक्लोपीडिया (HadeethEnc.com) में किसी रिवायत का हूबहू टेक्स्ट मौजूद है, वहाँ उसका तर्जुमा उसी रिवायत के नीचे स्रोत के नाम के साथ दिखाया गया है। दोनों को प्रोग्राम के ज़रिए, सिर्फ़ अरबी टेक्स्ट की बुनियाद पर जोड़ा गया है: इनसाइक्लोपीडिया की हदीस का पूरा टेक्स्ट, उसमें दर्ज सहाबी के नाम समेत, रिवायत का आख़िरी हिस्सा है, हर्फ़-ब-हर्फ़। इस जोड़ को किसी ने नहीं जाँचा है, और सबील के जायज़ाकारों ने तर्जुमे की जाँच नहीं की है। असल टेक्स्ट अरबी है।

किताब 15 · Jihad (Kitab Al-Jihad)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।