सीधे कंटेंट पर जाएँ
सुनन अबू दाऊद

नंबर 2072

नंबर 2072किताब 12, नंबर 27
حَدَّثَنَا مُسَدَّدُ بْنُ مُسَرْهَدٍ، حَدَّثَنَا عَبْدُ الْوَارِثِ، عَنْ إِسْمَاعِيلَ بْنِ أُمَيَّةَ، عَنِ الزُّهْرِيِّ، قَالَ كُنَّا عِنْدَ عُمَرَ بْنِ عَبْدِ الْعَزِيزِ فَتَذَاكَرْنَا مُتْعَةَ النِّسَاءِ فَقَالَ لَهُ رَجُلٌ يُقَالُ لَهُ رَبِيعُ بْنُ سَبْرَةَ أَشْهَدُ عَلَى أَبِي أَنَّهُ حَدَّثَ أَنَّ رَسُولَ اللَّهِ صلى الله عليه وسلم نَهَى عَنْهَا فِي حَجَّةِ الْوَدَاعِ ‏.‏
Al Zuhri said “we were with ‘Umar bin ‘Abd Al Aziz, there we discussed temporary marriage. A man called Rabi bin Saburah said “I bear witness that my father told me that the Apostle of Allaah(ﷺ) had prohibited it at the Farewell Pilgrimage.”
स्रोत में दर्ज दर्जे
  • ShadhAl-Albani
  • ShadhMuhammad Muhyi Al-Din Abdul Hamid
  • DaifZubair Ali Zai

हर रिवायत के नीचे डेटासेट का अपना तर्जुमा है, जैसा है वैसा ही दिखाया गया है। इसमें तर्जुमा करने वाले का नाम नहीं है, इसके हुक़ूक़ की तस्दीक़ नहीं हुई है, और किसी ने इसे अरबी से मिलाकर नहीं जाँचा है; कुछ रिवायतों का तर्जुमा है ही नहीं। असल टेक्स्ट अरबी है। डेटासेट में इस किताब का इस भाषा में कोई तर्जुमा नहीं है, इसलिए अंग्रेज़ी दिखाई जा रही है।

किताब 12 · Marriage (Kitab Al-Nikah)

अरबी टेक्स्ट, नंबरिंग, किताबों के नाम और दर्जे ठीक वैसे ही दिखाए गए हैं जैसे वे एक खुले डेटासेट (hadith-api) में हैं। सबील ने अभी न उसके सही होने की तस्दीक़ की है, न उसके हुक़ूक़ की, और उसकी इल्मी जाँच अभी शुरू नहीं हुई है। तब तक किसी रिवायत पर भरोसा करने से पहले उसे किसी छपे हुए एडिशन से मिला लें।